UP International Trade Show 2026 का आगाज, अमित शाह बोले- मैन्युफैक्चरिंग हब बन रहा यूपी
ग्रेटर नोएडा में UPITS 2026 का उद्घाटन अमित शाह ने किया। CM योगी ने ट्रेडिशन और टेक्नोलॉजी के संगम पर जोर दिया, जबकि MSME और वैश्विक बाजार पर फोकस रहा।
उत्तर प्रदेश के औद्योगिक और कारोबारी क्षेत्र के लिए शुक्रवार, 25 सितंबर 2026 को एक बड़ा आयोजन शुरू हुआ। ग्रेटर नोएडा स्थित इंडिया एक्सपो सेंटर एंड मार्ट में उत्तर प्रदेश इंटरनेशनल ट्रेड शो यानी UPITS 2026 के चौथे संस्करण का आगाज हुआ। केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पांच दिवसीय आयोजन का उद्घाटन किया।
25 से 29 सितंबर तक चलने वाले इस ट्रेड शो में उत्तर प्रदेश के उत्पादों, उद्योगों, MSME, स्टार्टअप, कारीगरों और निर्यातकों को घरेलू तथा अंतरराष्ट्रीय खरीदारों से जोड़ने पर जोर दिया जा रहा है। आयोजन का उद्देश्य यूपी को एक बड़े ग्लोबल सोर्सिंग और बिजनेस हब के रूप में पेश करना है।
उद्घाटन के दौरान अमित शाह ने उत्तर प्रदेश में बढ़ते मैन्युफैक्चरिंग और डिफेंस प्रोडक्शन का उल्लेख किया। वहीं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि UPITS केवल व्यापार प्रदर्शनी नहीं, बल्कि प्रदेश की परंपरा, विरासत, तकनीक और नए उद्योगों को दुनिया के सामने रखने का मंच बन चुका है।
UP International Trade Show 2026 में क्या खास है?
UPITS 2026 का आयोजन 25 से 29 सितंबर 2026 तक इंडिया एक्सपो सेंटर एंड मार्ट, ग्रेटर नोएडा में हो रहा है। आधिकारिक जानकारी के अनुसार इस संस्करण में 2,400 से अधिक प्रदर्शकों और 85 देशों से 550 से अधिक अंतरराष्ट्रीय खरीदारों की भागीदारी की उम्मीद है। आयोजन में निर्माता, निर्यातक, MSME, कारीगर, स्टार्टअप, निवेशक और कारोबारी प्रतिनिधि शामिल हो रहे हैं।
इस बार आयोजन का फोकस सिर्फ उत्पाद प्रदर्शित करने तक सीमित नहीं है। भारतीय विक्रेताओं और विदेशी खरीदारों के बीच कारोबारी संपर्क, B2B मीटिंग, निर्यात के अवसर और निवेश संबंधी संभावनाओं को भी प्रमुखता दी जा रही है।
FIEO के अनुसार UPITS 2026 में 1,000 से अधिक भारतीय sellers, exporters, manufacturers और MSMEs को 600 से अधिक विदेशी buyers से जोड़ने की योजना है। इसका एक महत्वपूर्ण फोकस उन बाजारों पर भी है जहां भारत के साथ Free Trade Agreement यानी FTA से जुड़े अवसर मौजूद हैं।
अमित शाह ने यूपी के मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर को लेकर क्या कहा?
उद्घाटन समारोह में अमित शाह ने उत्तर प्रदेश में बढ़ते औद्योगिक और रक्षा उत्पादन को राज्य में हो रहे बदलाव का उदाहरण बताया। उन्होंने विशेष रूप से UP Defence Industrial Corridor का उल्लेख किया।
अमित शाह के अनुसार डिफेंस कॉरिडोर के सभी छह नोड—झांसी, चित्रकूट, लखनऊ, आगरा, अलीगढ़ और कानपुर—में निवेश आ रहा है। उन्होंने इसे रक्षा उपकरणों के निर्माण के साथ-साथ व्यापक मैन्युफैक्चरिंग इकोसिस्टम के विकास से जोड़ा।
उन्होंने लखनऊ में बनाए जा रहे BrahMos से जुड़े उत्पादन केंद्र और अमेठी में AK-203 राइफल उत्पादन को उत्तर प्रदेश में बढ़ते रक्षा विनिर्माण के उदाहरण के रूप में पेश किया। लखनऊ स्थित BrahMos Integration and Testing Facility Centre का उद्घाटन मई 2025 में हुआ था और वहां मिसाइल की assembly, integration और testing से जुड़ा काम होता है।
अमित शाह ने अपने संबोधन में निर्यात और Free Trade Agreements का भी उल्लेख किया। उनके अनुसार वैश्विक बाजारों तक पहुंच बढ़ने से भारतीय उद्योगों के लिए निर्यात के अवसर बढ़े हैं।
योगी आदित्यनाथ ने कहा- ट्रेडिशन और टेक्नोलॉजी का संगम
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने UPITS 2026 को Tradition और Technology, Heritage और Innovation के संगम के रूप में पेश किया।
उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश के अलग-अलग जिलों में बने उत्पादों और यहां की विरासत को वैश्विक मंच पर प्रदर्शित करने के लिए यह महत्वपूर्ण प्लेटफॉर्म बन गया है। उनके अनुसार राज्य के कारीगरों और उद्यमियों के उत्पादों को देश-दुनिया के खरीदारों तक पहुंचाने में ट्रेड शो की भूमिका बढ़ रही है।
मुख्यमंत्री ने ODOP यानी One District, One Product पहल का भी उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि इस व्यवस्था के जरिए अलग-अलग जिलों के विशिष्ट उत्पादों को बाजार और पहचान दिलाने पर जोर दिया गया है।
UPITS के जरिए इन उत्पादों को विदेशी खरीदारों और अंतरराष्ट्रीय बाजारों के सामने पेश करने का प्रयास किया जा रहा है।
छह देश बने हैं पार्टनर कंट्री
UPITS 2026 में इस बार कई विदेशी देशों की भागीदारी भी देखने को मिल रही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उद्घाटन के दौरान जापान, वियतनाम, रूस, सिंगापुर, ऑस्ट्रिया और बेलारूस की भागीदारी का उल्लेख किया।
इन देशों की भागीदारी से ट्रेड शो का अंतरराष्ट्रीय स्वरूप और व्यापक हुआ है। आयोजन में विदेशों से आए खरीदारों और कारोबारी प्रतिनिधियों को यूपी के उत्पादों, उद्योगों और सेवाओं से परिचित कराने पर जोर है।
MSME के लिए क्यों महत्वपूर्ण है UPITS 2026?
उत्तर प्रदेश में बड़ी संख्या में MSME इकाइयां काम कर रही हैं और राज्य सरकार इस क्षेत्र को रोजगार तथा निर्यात के प्रमुख आधार के रूप में देखती है।
UPITS 2026 में MSME को बड़े खरीदारों तक पहुंचने, नए कारोबारी संपर्क बनाने और अपने उत्पादों को अंतरराष्ट्रीय बाजार में पेश करने का अवसर दिया जा रहा है। उत्तर प्रदेश MSME विभाग के अनुसार राज्य में 96 लाख से अधिक MSME इकाइयां हैं।
ट्रेड शो में कृषि, ऑटोमोबाइल, डिफेंस, IT, हेल्थ, पर्यटन और रिन्यूएबल एनर्जी समेत कई सेक्टर के उत्पाद और सेवाएं प्रदर्शित की जा रही हैं। इससे छोटे और मध्यम उद्यमों को अलग-अलग उद्योग क्षेत्रों के संभावित खरीदारों और साझेदारों से संपर्क करने का अवसर मिल सकता है।
ODOP के साथ One District, One Cuisine भी खास
इस साल UPITS में उत्तर प्रदेश की पारंपरिक पहचान को कारोबार से जोड़ने के लिए One District, One Cuisine पहल को भी प्रमुखता दी जा रही है।
आधिकारिक आयोजन जानकारी के अनुसार इसे One District, One Product यानी ODOP के साथ प्रदर्शित किया जा रहा है। इसका उद्देश्य राज्य की स्थानीय खाद्य और सांस्कृतिक विरासत को भी व्यापक बाजार तक पहुंचाना है।
इससे यूपी के पारंपरिक उत्पादों के साथ स्थानीय खाद्य संस्कृति को भी नए खरीदारों और पर्यटकों के सामने प्रस्तुत करने का अवसर मिल रहा है।
ग्लोबल बायर्स और विदेशी बाजार पर बड़ा फोकस
UPITS 2026 का एक प्रमुख उद्देश्य यूपी के कारोबार को अंतरराष्ट्रीय बाजार से जोड़ना है। आधिकारिक आयोजन जानकारी के अनुसार इस संस्करण में 85 देशों से 550 से अधिक अंतरराष्ट्रीय खरीदारों के आने की उम्मीद है।
FIEO ने भी बताया है कि आयोजन में 1,000 से अधिक भारतीय sellers और 600 से अधिक foreign buyers के बीच व्यापारिक संपर्क बढ़ाने पर जोर है। खास तौर पर FTA markets को ध्यान में रखते हुए व्यापारिक अवसरों को बढ़ाने की योजना है।
यह व्यवस्था यूपी के उन उद्यमों के लिए महत्वपूर्ण हो सकती है जो अभी मुख्य रूप से घरेलू बाजार में कारोबार कर रहे हैं और निर्यात बाजार में विस्तार करना चाहते हैं।
किन सेक्टर के उत्पादों पर नजर?
UPITS 2026 में उत्तर प्रदेश की औद्योगिक और पारंपरिक अर्थव्यवस्था के कई हिस्सों को एक साथ प्रदर्शित किया जा रहा है।
प्रमुख सेक्टरों में शामिल हैं—
- कृषि और खाद्य उत्पाद
- ऑटोमोबाइल और ऑटो कंपोनेंट
- डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग
- IT और टेक्नोलॉजी
- हेल्थ और मेडिकल सेक्टर
- पर्यटन
- रिन्यूएबल एनर्जी
- हैंडीक्राफ्ट और पारंपरिक उत्पाद
- MSME उत्पाद
- स्टार्टअप और नए उद्यम
इस विविधता का उद्देश्य यूपी को सिर्फ पारंपरिक उत्पादों के राज्य के रूप में नहीं, बल्कि मैन्युफैक्चरिंग, टेक्नोलॉजी और नए उद्योगों के लिए भी एक संभावित कारोबारी केंद्र के रूप में प्रस्तुत करना है।
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UPITS 2026 में कितने लोग पहुंच सकते हैं?
आयोजन से जुड़ी आधिकारिक और सरकारी जानकारी के अनुसार इस संस्करण में बड़ी संख्या में कारोबारी प्रतिनिधियों और आम आगंतुकों के पहुंचने की उम्मीद है।
आयोजकों ने 2,400 से अधिक exhibitors, 1.5 लाख से अधिक B2B buyers/visitors और लगभग 4.5 लाख general visitors की संभावना बताई है। इसके अलावा 85 देशों से 550 से अधिक international buyers के शामिल होने की उम्मीद है।
इससे UPITS 2026 का पैमाना पिछले संस्करणों की तुलना में और बड़ा दिखाई देता है।
पिछले UP International Trade Show से क्या मिला?
UPITS के पिछले संस्करणों ने भी बड़ी कारोबारी भागीदारी दर्ज की थी। आयोजन की आधिकारिक वेबसाइट के अनुसार 2025 के संस्करण में 2,228 exhibitors, 85 देशों से 525 international buyers, 1,40,735 B2B visitors और 3,66,364 B2C visitors शामिल हुए थे।
आधिकारिक जानकारी के अनुसार उस संस्करण में 2,400 से अधिक MoUs हुए, जिनका घोषित मूल्य करीब ₹1,882 करोड़ था। कारोबारी enquiries का मूल्य ₹11,200 करोड़ से अधिक बताया गया था।
2026 का आयोजन इन्हीं कारोबारी संपर्कों को और व्यापक स्तर पर आगे बढ़ाने के उद्देश्य से आयोजित किया जा रहा है।
यूपी को ग्लोबल सोर्सिंग हब बनाने पर जोर
UPITS 2026 का केंद्रीय विचार उत्तर प्रदेश को global sourcing hub के रूप में स्थापित करना है। आयोजन की आधिकारिक वेबसाइट के अनुसार इसका उद्देश्य international buyers, domestic B2B buyers और domestic B2C buyers को अलग-अलग कारोबारी जरूरतों के हिसाब से जोड़ना है।
इसका मतलब यह है कि ट्रेड शो में सिर्फ विदेशी खरीदारों को ही प्राथमिकता नहीं दी जा रही, बल्कि देश के भीतर बड़े खरीदारों और उपभोक्ताओं तक भी यूपी के उत्पादों की पहुंच बढ़ाने का प्रयास किया जा रहा है।
व्यापार के साथ संस्कृति और विरासत भी दिखेगी
उत्तर प्रदेश के लिए व्यापार का मतलब केवल औद्योगिक उत्पाद नहीं है। राज्य की बड़ी पहचान हस्तशिल्प, हथकरघा, खाद्य उत्पाद, पारंपरिक कला और स्थानीय संस्कृति से भी जुड़ी है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उद्घाटन के दौरान इसी पहलू पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि ट्रेड शो के जरिए उत्तर प्रदेश की विरासत और उत्पादों को दुनिया के सामने प्रस्तुत करने का अवसर मिलता है।
इसलिए UPITS 2026 में आधुनिक उद्योगों के साथ पारंपरिक कारीगरों और स्थानीय उत्पादों को भी जगह दी गई है।
व्यापारियों और खरीदारों के लिए B2B मीटिंग की सुविधा
UPITS 2026 में कारोबारी मुलाकातों को व्यवस्थित करने के लिए डिजिटल माध्यमों का भी इस्तेमाल किया जा रहा है। आयोजन से जुड़ी जानकारी के अनुसार buyers और exhibitors dedicated UPITS app के माध्यम से अपनी B2B meetings पहले से schedule कर सकते हैं।
इस तरह आयोजन को सिर्फ exhibition के बजाय structured business networking platform के रूप में भी विकसित करने का प्रयास किया गया है।
UP International Trade Show 2026: पांच दिन का पूरा कार्यक्रम
UPITS 2026 का आयोजन 25 सितंबर से 29 सितंबर 2026 तक चलेगा।
आयोजन की आधिकारिक वेबसाइट के अनुसार business hours सुबह 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक और public hours दोपहर 3 बजे से शाम 8 बजे तक हैं।
पांच दिनों के दौरान exhibition के साथ knowledge sessions, B2B meetings, cultural programmes और अन्य गतिविधियां भी आयोजित की जाएंगी।
यूपी के लिए इसका क्या महत्व है?
UPITS 2026 ऐसे समय आयोजित हो रहा है जब उत्तर प्रदेश में मैन्युफैक्चरिंग, MSME, डिफेंस, एक्सपोर्ट और स्थानीय उत्पादों को वैश्विक बाजार से जोड़ने पर जोर दिया जा रहा है।
अमित शाह ने अपने संबोधन में डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग और निवेश का उल्लेख किया, जबकि योगी आदित्यनाथ ने परंपरा, तकनीक और वैश्विक बाजार के बीच संबंध को रेखांकित किया।
इस आयोजन का वास्तविक कारोबारी प्रभाव आने वाले समय में नए व्यापारिक समझौतों, निर्यात ऑर्डर, निवेश और बाजार विस्तार के आंकड़ों से अधिक स्पष्ट होगा। फिलहाल UPITS 2026 ने उत्तर प्रदेश के उत्पादों को एक ही मंच पर घरेलू और अंतरराष्ट्रीय खरीदारों के सामने रखने का अवसर उपलब्ध कराया है।
FAQ: UP International Trade Show 2026 से जुड़े सवाल
1. UP International Trade Show 2026 कब शुरू हुआ?
UP International Trade Show 2026 का चौथा संस्करण 25 सितंबर 2026 को शुरू हुआ है और यह 29 सितंबर तक चलेगा।
2. UPITS 2026 कहां आयोजित हो रहा है?
यह आयोजन ग्रेटर नोएडा स्थित India Expo Centre & Mart में आयोजित किया जा रहा है।
3. UP International Trade Show 2026 का उद्घाटन किसने किया?
केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इसका उद्घाटन किया।
4. UPITS 2026 में कितने अंतरराष्ट्रीय खरीदार आने की उम्मीद है?
आयोजन की आधिकारिक जानकारी के अनुसार 85 देशों से 550 से अधिक international buyers के आने की उम्मीद है।
5. UPITS 2026 में कौन-कौन से देश पार्टनर हैं?
इस संस्करण में जापान, वियतनाम, रूस, सिंगापुर, ऑस्ट्रिया और बेलारूस को partner countries के रूप में शामिल किया गया है।
6. UPITS 2026 में MSME के लिए क्या अवसर हैं?
MSME को अपने उत्पाद प्रदर्शित करने, घरेलू और विदेशी buyers से संपर्क बनाने, B2B meetings करने और नए बाजारों तक पहुंच बनाने का अवसर मिल रहा है।
7. UPITS 2026 में कौन-कौन से सेक्टर शामिल हैं?
कृषि, ऑटोमोबाइल, डिफेंस, IT, हेल्थ, पर्यटन, रिन्यूएबल एनर्जी, हैंडीक्राफ्ट समेत कई सेक्टर इसमें शामिल हैं।
8. One District, One Cuisine क्या है?
UPITS 2026 में One District, One Product के साथ One District, One Cuisine को भी प्रदर्शित किया जा रहा है, ताकि यूपी की स्थानीय खाद्य विरासत को व्यापक बाजार तक पहुंचाया जा सके।
9. अमित शाह ने यूपी के बारे में क्या कहा?
अमित शाह ने उत्तर प्रदेश में बढ़ते रक्षा उत्पादन, Defence Industrial Corridor में निवेश और राज्य के औद्योगिक बदलाव को रेखांकित किया। उन्होंने लखनऊ के BrahMos facility और अमेठी के AK-203 production का भी उल्लेख किया।
10. UPITS 2026 का मुख्य उद्देश्य क्या है?
मुख्य उद्देश्य उत्तर प्रदेश के manufacturers, MSMEs, exporters, artisans और startups को घरेलू तथा वैश्विक buyers से जोड़ना और राज्य को global sourcing hub के रूप में बढ़ावा देना है।
UP International Trade Show 2026 पर अंतिम बात
ग्रेटर नोएडा में शुरू हुआ UP International Trade Show 2026 उत्तर प्रदेश के उद्योग, MSME, निर्यात, स्टार्टअप और पारंपरिक उत्पादों को एक ही मंच पर लाने वाला बड़ा कारोबारी आयोजन है। 25 से 29 सितंबर तक चलने वाले इस ट्रेड शो में 85 देशों से अंतरराष्ट्रीय खरीदारों की भागीदारी और 2,400 से अधिक exhibitors की मौजूदगी की उम्मीद है।
उद्घाटन के दौरान अमित शाह ने यूपी के बढ़ते डिफेंस और मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर को रेखांकित किया, जबकि योगी आदित्यनाथ ने ट्रेडिशन, हेरिटेज, टेक्नोलॉजी और इनोवेशन को वैश्विक बाजार से जोड़ने पर जोर दिया।
अब इस आयोजन से होने वाले नए व्यापारिक समझौतों, निर्यात अवसरों और निवेश प्रस्तावों पर नजर रहेगी। इससे यह पता चलेगा कि UPITS 2026 का कारोबारी प्रभाव किस स्तर तक पहुंचता है।
अस्वीकरण: इस लेख में दी गई जानकारी उपलब्ध आधिकारिक स्रोतों, सार्वजनिक रूप से उपलब्ध तथ्यों और विश्वसनीय रिपोर्टों के आधार पर प्रस्तुत की गई है। परिस्थितियों या आधिकारिक निर्णयों में बदलाव होने पर जानकारी बदल सकती है। पाठकों को किसी महत्वपूर्ण निर्णय से पहले संबंधित विभाग या आधिकारिक स्रोत से नवीनतम जानकारी की पुष्टि करने की सलाह दी जाती है।





























